वैज्ञानिकों ने हाल ही में उम्र बढ़ाने को लेकर एक अनोखी खोज की है। Chinese Academy of Sciences के Hefei Institutes of Physical Science के शोधकर्ताओं के अनुसार, एक खास मैग्नेटिक बैक्टीरिया ने कीड़ों की औसत उम्र को उल्लेखनीय रूप से बढ़ा दिया है।
मैग्नेटिक बैक्टीरिया और उम्र का संबंध
Prof. An Xu के नेतृत्व में शोधकर्ताओं की टीम ने पाया कि Magnetospirillum magneticum AMB-1 (AMB-1) नामक मैग्नेटोटैक्टिक बैक्टीरिया (MTB) ने Caenorhabditis elegans (C. elegans) मॉडल में स्वस्थ जीवनकाल को बढ़ाया है। इस रिसर्च के परिणाम Free Radical Biology and Medicine जर्नल में प्रकाशित किए गए हैं।
शोध के दौरान देखा गया कि जिन कीड़ों को AMB-1 दिया गया, उनकी औसत उम्र में 43.39% की बढ़ोतरी हुई। इसके अलावा, इस ट्रीटमेंट से बुजुर्ग कीड़ों में न्यूरोलॉजिकल फंक्शन और आंतों की सेहत (intestinal integrity) को बनाए रखने में भी मदद मिली।
फेलोप्टोसिस (Ferroptosis) को रोकना
वैज्ञानिकों ने इस प्रभाव के पीछे के मुख्य कारण का भी पता लगाया। यह बैक्टीरिया शरीर में आयरन के जमाव को कम करता है और लिपिड पेरोक्सीडेशन को घटाता है। इससे एजिंग से जुड़े ferroptosis (एक प्रकार की कोशिकाओं की मौत जो आयरन और ऑक्सीडेटिव तनाव से जुड़ी होती है) को दबाने में मदद मिलती है।
जेनेटिक एनालिसिस से पता चला कि इस प्रक्रिया में ftn-1, bli-3, और ads-1 जैसे कई जीन शामिल थे। शोधकर्ताओं का मानना है कि यह खोज एंटी-एजिंग इंटरवेंशन के लिए एक नया माइक्रोबियल तरीका स्थापित करती है।
